हमारा परिवार गुरू नानकदेव जी से जुड़ा हुआ है, और हम नियमित रूप से गुरूद्वारे में माथा टेकने के लिए जाते रहते हैं। जब मुझे गुरूजी के बारे में पता चला तब मैं उनका आशीर्वाद लेने के लिए दो बार बड़े मंदिर भी गया, किन्तु पूरी तरह उनसे जुड़ नहीं सका। करीब दो वर्षों में मेरा जुड़ाव धीरे-धीरे उनके साथ बढ़ता गया है। मैं आगरा में रहता हूँ जहाँ पर गुरूजी का मंदिर भी है। अब मैं सपरिवार गुरूजी के आगरा स्थित मंदिर नियमित रूप से जाता हूँ। हमें गुरूजी के जन्मदिन केअवसर पर भी आगरा मंदिर जाने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। वहाँ पर हमारा अनुभव बहुत ही आनंददायक रहा साथ ही हमें लंगर प्रसाद भी मिला।
गुरूजी की कृपा से हमारे परिवार में लंबे समय से चली आ रही सभी समस्याऐं धीरे-धीरे समाप्त होने लगी हैं।
मैं एक ऐसी नौकरी में था जिसमें मुझे बहुत परेशानियां थी। अन्य बातों के अलावा इसमें मुझे बहुत यात्रा करनी पड़ती थी, जिससे मैं अपने परिवार और बच्चों को समय ही नहीं दे पाता था। इस कारणवश मेरी पत्नी बहुत परेशान रहती थी, क्योंकि घर की सारी जिम्मेदारियाँ उस पर ही थीं। इसके साथ ही वह एक पार्लर में भी अंशकालिक काम कर रही थी। हमारा छोटा बेटा जोकि अधिक बोलता तो नहीं है, किन्तु ऊर्जा से भरा होने के कारण पूरे दिन दौड़ता रहता है और हमें थका देता है। इन सभी कारणों से हमारी जीवनशैली दबावपूर्ण, व्यस्त और तनावग्रस्त हो गई थी।
मैं त्यागपत्र देने की सोच ही रहा था कि गुरूजी की कृपा से मुझे घर के पास ही नौकरी मिल गई। यद्यपि इसमें पारिश्रमिक थोड़ा कम मिल रहा था किन्तु मुझे पूर्ण विश्वास है कि गुरू कृपा से समय के साथ उसमें भी बढ़ोत्तरी हो जाऐगी। गुरूजी मैं आपका बहुत आभारी हूँ। कृपा करके मेरा हाथ इसी तरह पकडे़ रहना, अन्यथा मैं भटक जाऊँगा।
मेरी पत्नी, हमारे बच्चों—विशेषकर मेरे छोटे बेटे के भविष्य को लेकर बहुत चिंतित रहती है। गुरूजी से प्रार्थना है कि वह मेरे बेटे को स्वस्थ करें और मेरी पत्नी की चिंताओं का समाधान करें। मुझे पूर्ण विश्वास है कि उनकी कृपा से सब जल्दी ही ठीक हो जाऐगा। मेरी बस यही प्रार्थना है कि गुरूजी मुझे अपने श्री चरणों में स्थान दें और शीघ्र ही बड़े मंदिर बुलाकर अपने दर्शन और सेवा प्रदान करें।
मैं यह भी आशा करता हूँ कि गुरूजी हमें आगरा की संगत से मिलाएँ और मुझे मेरी नौकरी में रहते हुए अपने परिवार के साथ समय बितानें दें जिससे मैं उनकी उचित देखभाल कर सकूँ। गुरूजी कृपया मेरे परिवार पर अपना आर्शिवाद सदैव बनाए रखना। मैं सदैव आपका आभारी हूँ—जय गुरूजी।
कुणाल नैननि, एक भक्त
दिसंबर 2024